हम भारत देश है. यह एक उष्ण कटिबन्ध छेत्र होने के कारन यहाँ गर्मी भी बहुत पड़ती है।
और भारत में गर्मियां कुछ ज्यादा ही होती है
एक बार की बात है एक कौवा पानी की तलाश में इधर उधर भटक रहा था, परन्तु उसे कहीं भी पानी नहीं दिख रहा था। वह उड़ते उड़ते थक गया और बैली टी एक तार पर जाकर बैठ गया , सोचने लगा की पानी की प्यास कैसे बुझाये। तभी उसे सामने लगे एक पेड़ के नीचे एक घड़ा दिखा।
कौवा: अरे वाह ! घड़ा , इसमें पानी होगा। ठंडा शीतल पानी ! इससे अपनी प्यास बुझाता हूँ "
यह सोच कर कौवा उड़ चला घड़े की ओर परंतू हाय रे फूटी किस्मत।
कौवा : "अरे यह क्या ! पानी तो बहुत कम है , और मेरी चोंच भी वहां तक नहीं पहुंच रही है। "
यह सोच कर कौवा वहां से उड़ कर इधर उधर देखने लगा की और कोई घड़ा वहां मिल जाय परन्तु वहां और कोई नहीं था. अतः निराश हो कर कौवा वापस वही आ कर बैठ गया और सोचने लगा की पानी कैसे पियुँ।
तभी उसे एक उपाए सूझा , वह घड़े के पास पड़े हुए छोटे कंकड़ उठा कर घड़े में डालने लगा , और देखते ही देखते पानी धीरे धीरे ऊपर आने लगा।
कुछ देर की मेहनत से कौवे ने अपनी प्यास बुझाई
सीख:
बच्चो इससे हमे यह सीख मिलती है की
१. हमें मेहनत करने से डरना नहीं चाहिए। दिक्कत का सामना डट कर करना चाहिए।
२. हमें मुसीबत के समय अपने आप को शांत रखना चाहिए ताकि हमे मुसीबत से निकलने का रास्ता मिल सके.
और भारत में गर्मियां कुछ ज्यादा ही होती है
एक बार की बात है एक कौवा पानी की तलाश में इधर उधर भटक रहा था, परन्तु उसे कहीं भी पानी नहीं दिख रहा था। वह उड़ते उड़ते थक गया और बैली टी एक तार पर जाकर बैठ गया , सोचने लगा की पानी की प्यास कैसे बुझाये। तभी उसे सामने लगे एक पेड़ के नीचे एक घड़ा दिखा।
कौवा: अरे वाह ! घड़ा , इसमें पानी होगा। ठंडा शीतल पानी ! इससे अपनी प्यास बुझाता हूँ "
यह सोच कर कौवा उड़ चला घड़े की ओर परंतू हाय रे फूटी किस्मत।
कौवा : "अरे यह क्या ! पानी तो बहुत कम है , और मेरी चोंच भी वहां तक नहीं पहुंच रही है। "
यह सोच कर कौवा वहां से उड़ कर इधर उधर देखने लगा की और कोई घड़ा वहां मिल जाय परन्तु वहां और कोई नहीं था. अतः निराश हो कर कौवा वापस वही आ कर बैठ गया और सोचने लगा की पानी कैसे पियुँ।
तभी उसे एक उपाए सूझा , वह घड़े के पास पड़े हुए छोटे कंकड़ उठा कर घड़े में डालने लगा , और देखते ही देखते पानी धीरे धीरे ऊपर आने लगा।
कुछ देर की मेहनत से कौवे ने अपनी प्यास बुझाई
सीख:
बच्चो इससे हमे यह सीख मिलती है की
१. हमें मेहनत करने से डरना नहीं चाहिए। दिक्कत का सामना डट कर करना चाहिए।
२. हमें मुसीबत के समय अपने आप को शांत रखना चाहिए ताकि हमे मुसीबत से निकलने का रास्ता मिल सके.